Subscribe for Newsletters and Discounts
Be the first to receive our thoughtfully written
religious articles and product discounts.
Your interests (Optional)
This will help us make recommendations and send discounts and sale information at times.
By registering, you may receive account related information, our email newsletters and product updates, no more than twice a month. Please read our Privacy Policy for details.
.
By subscribing, you will receive our email newsletters and product updates, no more than twice a month. All emails will be sent by Exotic India using the email address info@exoticindia.com.

Please read our Privacy Policy for details.
|6
Sign In  |  Sign up
Your Cart (0)
Share our website with your friends.
Email this page to a friend
Books > Hindi > योगसूत्र: Yoga Sutras in the Light of Sage Vyasa and Rajneesh
Displaying 3267 of 11433         Previous  |  NextSubscribe to our newsletter and discounts
योगसूत्र: Yoga Sutras in the Light of Sage Vyasa and Rajneesh
Pages from the book
योगसूत्र: Yoga Sutras in the Light of Sage Vyasa and Rajneesh
Look Inside the Book
Description




विषय सूचि

 

वृत्ति के प्रकार 13
चित्तवृत्ति निरोध के उपाय 36
वैराग्य (ऊपर वैराग्य) 43
सम्प्रज्ञात समाधी 56
असम्प्रज्ञात समाधी 80
ईश्वर का स्वरुप 102
प्रणव जप से लाभ 122
चित्त को निर्मल करने की विधि 134
चित्त को स्थिर करने का विशोक ज्योतिष्मती उपाय 164
समपत्ति (समाधी) 167
सूक्ष्मविषय की सीमा 170
सबीज समाधियां 171
निर्विचार समाधी की परनाती अध्यात्मप्रसाद में 172
ऋतमभरा प्रज्ञा 181
निर्बीज समाधी 184
क्रियायोग 191
क्लेश 219
कर्माशय 224
क्लेशों के कारन कर्मविपाक 256
गुणों का स्वभाव, स्वरुप एवं प्रयोजन 271
दृष्टा का स्वरुप 276
दृश्य की उपयोगिता 279
सयोंग का स्वरुप 288
अविद्या 294
योगांकों के अनुष्ठान का लाभ . 298
नियम 324
आसान 367
प्राणायाम 384
प्रत्याहार 394
धरना 395
ध्यान 403
समाधी 406
सयम 408
निरोधपरिणाम 426
एकाग्रता परिणाम 432
धर्म, लक्षण और अवस्था परिणाम 436
धर्मी का लक्षण 437
कर्मभेद से परिणामभेद 446
अतीत और अनागत ज्ञान की सिद्धि 450
समस्त प्राणियों की भाषा का ज्ञान 459
पूर्वजन्मों के ज्ञान की सिद्धि 462
परपुरुष की चित्तवृत्ति का ज्ञान 463
अंतधारणसिद्धि 464
मृत्यु के समय का ज्ञान 476
मैत्री आदि बालों की सिद्धि 478
हस्ती आदि के बलों की सिद्धि 479
सूक्ष्म, व्यवहित और दूरस्थ वस्तुओं का ज्ञान 481
लोक लोकान्तरों के ज्ञान की सिद्धि 482
तारागण की स्थिति का ज्ञान 483
तरगं की गति का ज्ञान 484
शरीर की संरचना का ज्ञान 485
क्षुतपि पास निवृत्ति का सिद्धि 486
स्थिरता की सिद्धि 492
सर्वग्यसिद्धि 497
चित्त का ज्ञान 500
स्वार्थ पर सयम करने से पुरुषज्ञान 500
सिद्धियों की उपयोगिता 503
परकाया प्रवेश 504
उदानप्राण के जय का फल 509
समानप्राण के जय का फल 509
श्रोत्र और आकाश के सयम का फल 520
आकाशगमन सिद्धि 520
महाविदेह विभूति 525
इंद्रियसिद्धि 527
सर्वाधिष्ठातृत्य और सर्ज्ञता 528
योगी के लिए आसक्ति और अभिमान अनिष्टकारक 528
क्षण और क्रम पर सयम करने से विवेकजी ज्ञान की प्राप्ति 534
कैवल्य का स्वरुप 560
सिद्धियों के प्रकार 542
अनेक निर्मित चित्त अस्मितारूप 617
दृष्टा और दृश्य के साक्षत्कार का लाभ आत्मभाव की निवृत्ति 621
धर्ममेघ समाधी 637
परिणामक्रम का लक्ष्मण 652
कैवल्य का स्वरुप 656
अकारादिक्रम विषयानुक्रमणिका 656















योगसूत्र: Yoga Sutras in the Light of Sage Vyasa and Rajneesh

Item Code:
NZK775
Cover:
Hardcover
Edition:
2016
ISBN:
9788171105502
Language:
Sanskrit Text with Hindi Translation
Size:
9.5 inch X 7.5 inch
Pages:
707
Other Details:
Weight of the Book: 1.3 kg
Price:
$35.00   Shipping Free
Look Inside the Book
Add to Wishlist
Send as e-card
Send as free online greeting card
योगसूत्र: Yoga Sutras in the Light of Sage Vyasa and Rajneesh

Verify the characters on the left

From:
Edit     
You will be informed as and when your card is viewed. Please note that your card will be active in the system for 30 days.

Viewed 2226 times since 17th Jun, 2017




विषय सूचि

 

वृत्ति के प्रकार 13
चित्तवृत्ति निरोध के उपाय 36
वैराग्य (ऊपर वैराग्य) 43
सम्प्रज्ञात समाधी 56
असम्प्रज्ञात समाधी 80
ईश्वर का स्वरुप 102
प्रणव जप से लाभ 122
चित्त को निर्मल करने की विधि 134
चित्त को स्थिर करने का विशोक ज्योतिष्मती उपाय 164
समपत्ति (समाधी) 167
सूक्ष्मविषय की सीमा 170
सबीज समाधियां 171
निर्विचार समाधी की परनाती अध्यात्मप्रसाद में 172
ऋतमभरा प्रज्ञा 181
निर्बीज समाधी 184
क्रियायोग 191
क्लेश 219
कर्माशय 224
क्लेशों के कारन कर्मविपाक 256
गुणों का स्वभाव, स्वरुप एवं प्रयोजन 271
दृष्टा का स्वरुप 276
दृश्य की उपयोगिता 279
सयोंग का स्वरुप 288
अविद्या 294
योगांकों के अनुष्ठान का लाभ . 298
नियम 324
आसान 367
प्राणायाम 384
प्रत्याहार 394
धरना 395
ध्यान 403
समाधी 406
सयम 408
निरोधपरिणाम 426
एकाग्रता परिणाम 432
धर्म, लक्षण और अवस्था परिणाम 436
धर्मी का लक्षण 437
कर्मभेद से परिणामभेद 446
अतीत और अनागत ज्ञान की सिद्धि 450
समस्त प्राणियों की भाषा का ज्ञान 459
पूर्वजन्मों के ज्ञान की सिद्धि 462
परपुरुष की चित्तवृत्ति का ज्ञान 463
अंतधारणसिद्धि 464
मृत्यु के समय का ज्ञान 476
मैत्री आदि बालों की सिद्धि 478
हस्ती आदि के बलों की सिद्धि 479
सूक्ष्म, व्यवहित और दूरस्थ वस्तुओं का ज्ञान 481
लोक लोकान्तरों के ज्ञान की सिद्धि 482
तारागण की स्थिति का ज्ञान 483
तरगं की गति का ज्ञान 484
शरीर की संरचना का ज्ञान 485
क्षुतपि पास निवृत्ति का सिद्धि 486
स्थिरता की सिद्धि 492
सर्वग्यसिद्धि 497
चित्त का ज्ञान 500
स्वार्थ पर सयम करने से पुरुषज्ञान 500
सिद्धियों की उपयोगिता 503
परकाया प्रवेश 504
उदानप्राण के जय का फल 509
समानप्राण के जय का फल 509
श्रोत्र और आकाश के सयम का फल 520
आकाशगमन सिद्धि 520
महाविदेह विभूति 525
इंद्रियसिद्धि 527
सर्वाधिष्ठातृत्य और सर्ज्ञता 528
योगी के लिए आसक्ति और अभिमान अनिष्टकारक 528
क्षण और क्रम पर सयम करने से विवेकजी ज्ञान की प्राप्ति 534
कैवल्य का स्वरुप 560
सिद्धियों के प्रकार 542
अनेक निर्मित चित्त अस्मितारूप 617
दृष्टा और दृश्य के साक्षत्कार का लाभ आत्मभाव की निवृत्ति 621
धर्ममेघ समाधी 637
परिणामक्रम का लक्ष्मण 652
कैवल्य का स्वरुप 656
अकारादिक्रम विषयानुक्रमणिका 656















Post a Comment
 
Post Review
Post a Query
For privacy concerns, please view our Privacy Policy

Based on your browsing history

Loading... Please wait

Related Items

Testimonials

Excellent service and fast shipping. An excellent supplier of Indian philosophical texts
Libero, Italy.
I am your old customer. You have got a wonderful collection of all products, books etc.... I am very happy to shop from you.
Usha, UK
I appreciate the books offered by your website, dealing with Shiva sutra theme.
Antonio, Brazil
I love Exotic India!
Jai, USA
Superzoom delivery and beautiful packaging! Thanks! Very impressed.
Susana
Great service. Keep on helping the people
Armando, Australia
I bought DVs supposed to receive 55 in the set instead got 48 and was in bad condition appears used and dusty. I contacted the seller to return the product and the gave 100% credit with apologies. I am very grateful because I had bought and will continue to buy products here and have never received defective product until now. I bought paintings saris..etc and always pleased with my purchase until now. But I want to say a public thank you to whom it may concern for giving me the credit. Thank you. Navieta.
Navieta N Bhudu
I have no words to thank you and your company. I received the Saundarananda Maha Kavya that I have ordered from you few weeks ago. I hope to order any more books, if I will have a need. Thank you
Ven. Bopeththe, Sri Lanka
Thank you so much just received my order. Very very happy with the blouse and fast delivery also bindi was so pretty. I will sure order from you again.
Aneeta, Canada
Keep up the good work.
Harihar, Canada
TRUSTe
Language:
Currency:
All rights reserved. Copyright 2018 © Exotic India