Look Inside

आधुनिक भारत के निर्माता स्वामी सहजानंद सरस्वती: Builders of Modern India (Swami Sahajanand Saraswati)

FREE Delivery
$26
Quantity
Ships in 1-3 days
Item Code: NZD030
Author: राघव शरण शर्मा (Raghav Sharan Sharma)
Publisher: Publications Division, Government of India
Language: Hindi
Edition: 2004
ISBN: 8123011725
Pages: 290
Cover: Paperback
Other Details 8.5 inch X 5.5 inch
Weight 320 gm
Fully insured
Fully insured
Shipped to 153 countries
Shipped to 153 countries
More than 1M+ customers worldwide
More than 1M+ customers worldwide
100% Made in India
100% Made in India
23 years in business
23 years in business

पुस्तक के विषय में

स्वामी सहजानंद सरस्वती

पूर्वी उत्तर प्रदेश के ग्रामीण अंचल में जन्मे नवरंग राय ने बचपन से ही किसानों की समस्याओं और विवशताओं को नजदीक से देखा था। नियति ने उन्हें सं न्यास की ओर अग्रसर कर स्वामी सहजानन्द सरस्वती बनाया। लेकिन संन्यास ग्रहण करने के बावजूद वे विदेशी शासकों के विरोध में खड़े हो ने के साथ-साथ छोटे किसानों एवं भूमिहीन मजदूरों के हितों के लिए जीवन भर संघर्षरत रहे। किसान-मजदूरों को आजादी की लड़ाई से जोड़ने का श्रेय स्वामीजी को जाता है।

ओजस्वी एवं वीतरागी स्वामी सहजानन्द सरस्वती जीवन भर अपने सिद्धा तों पर अडिग रहे। उन्होंने अपने सिद्धान्तों की कीमत पर कभी समझौता नहीं किया। आशा है कि पाठकों को श्री राघवशरण शर्मा द्वारा गई इस पुस्तक से इस प्रेरणा पुरुष के के जीवन की सही जानकारी मिलेगी ।

 

विषय-सूची

1

जन्म और बचपन

1

2

संन्यास

4

3

शास्त्र-मंथन

8

4

सामाजिक कार्य

10

5

राजनीति में प्रवेश

15

6

जेल के अनुभव

23

7

किसान संघर्ष की पृष्ठभूमि

34

8

किसान हलचल

51

9

किसान आदोलन

63

10

किसान क्रांति का ज्वार

127

11

किसान सभा और राष्ट्रीय राजनीति

145

12

स्वामी जी का साहित्य

155

13

राजनीतिक दलों से मतभेद

208

14

रामगढ़ कांग्रेस की पृष्ठभूमि

220

15

भारतीय राष्ट्रीयता का उत्स और राजनीतिक दल

241

16

सांस्कृतिक नवजागरण में किसान सभा का योगदान

263

17

स्वामी जी और सुभाष चंद्र बोस

269

18

संयुक्त मोर्चा

277

19

किसान सेवक

281

20

उपसंहार

284

Sample Page

Add a review
Have A Question

For privacy concerns, please view our Privacy Policy

CATEGORIES